Rashtriya Berojgar Divas 17 September को मनाया जाएगा

Rashtriya Berojgar Divas: लाखों उम्मीदवार परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग का विरोध कर रहे हैं. देश के अलग-अलग राज्यों के अभ्यर्थियों और स्टूडेंट्स इस सामूहिक विरोध-प्रदर्शन का हिस्सा बन रहे हैं.

Rashtriya Berojgar Divas: कोरोना काल में एपीडेमिक डिजीज एक्ट लगा हुआ है, ऐसे मे लोगों को रोड पर विरोध प्रदर्शन करने की इजाज़त नही दी जा सकती. मगर डिजिटल इंडिया के छात्र कहाँ चुप बैठने वाले.

छात्रों ने भी एक रचनात्मक तरीका अपना लिया है विरोध दर्ज करने का. जी हाँ डिजिटल इंडिया (Digital India) का छात्र आजकल सोशल मीडिया पर क्रांति का एक नया दौर रच रहा है.

स्टूडेंट्स रोजगार, परीक्षा और रुकी हुई भर्तियों का मुद्दा उठाने के लिए सोशल मीडिया साइट ट्विटर पर पिछले एक महीने से अपना विरोध दर्ज करा रहे हैं.

लाखों उम्मीदवार परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग का विरोध कर रहे हैं. देश के अलग-अलग राज्यों के अभ्यर्थियों और स्टूडेंट्स इस सामूहिक विरोध-प्रदर्शन का हिस्सा बन रहे हैं.

Rashtriya Berojgar Divas क्या है?

अब ये छात्र, बेरोजगार युवा देश में 17 सितंबर को राष्ट्रीय बेरोजगार दिवस (Rashtriya Berojgar Divas) मनाएंगे. 17 सितंबर को इसलिए क्योंकि उस दिन देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) का जन्मदिन है.

एक ट्विटर उपयोगकर्ता (Twitter User) के अनुसार, नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार ने लाखों बेरोजगार भारतीयों को इसके लिए मजबूर किया है. इसलिए, युवा ने मोदी के जन्मदिन को राष्ट्रीय बेरोजगारी दिवस (Rashtriya Berojgar Divas) यानी National Unemployment Day के रूप में मनाने का फैसला किया है.

ये स्टूडेंट्स रोजगार, परीक्षा और रुकी हुई भर्तियों को जल्द पूरी कराने की मांग कर रहे हैं. 30 अगस्त को प्रधानमंत्री मोदी का ‘मन की बात’ (Mann Ki Baat) कार्यक्रम भारतीय जनता पार्टी (BJP) के यूट्यूब चैनल (Youtube Channel) पर अपलोड हुआ. इस वीडियो को काफ़ी डिसलाइक मिले.

डिसलाइक के मुक़ाबले लाइक्स कम थे. बड़ी संख्या में किए गए ये डिस्लाइक काफ़ी चर्चा में भी आए. लोग नाराज़गी जता रहे थे महीनों, सालों से अटकी पड़ी भर्तियों को लेकर. कमेंट बॉक्स की हालत और ज़्यादा गंभीर थी. जिसके बाद कॉमेंट सेक्शन को बंद भी कर दिया गया.

कैसे शुरू हुई ये डिजिटल क्रांति ?

1 सितंबर, 2020: SSC, रेलवे और दूसरी भर्ती परीक्षाओं की तैयारी करने वाले छात्रों ने ट्विटर पर हल्ला बोला. #SpeakUpForSSCRailwayStudents पर ट्विटर पर ट्रेंड करने लगा. इस ट्रेंड को लेकर छात्रों ने इतने ट्वीट कर डाले कि ये दुनिया के टॉप ट्रेंड में तीसरे स्थान पर आ गया.

5 सितंबर यानी शिक्षक दिवस के ही दिन छात्रों ने देशव्यापी ट्रेंड चलाया. #5Baje5Minute. अपील की गई कि अपने-अपने घरों में 5 बजे 5 मिनट के लिए ताली-थाली बजाइए, ताकि सत्ता में बैठे लोगों तक छात्रों की आवाज पहुँच सके.

9 सितंबर को ट्रेंड हुआ #9Baje9Minute. इस हैशटैग (HashTag) के साथ अपील की गई कि अपने-अपने घरों में 9 बजे दीया जलाएं, मोमबत्ती जलाएं.

क्या निष्कर्ष निकला इस क्रांति का?

1 सितंबर से अब तक जितनी भी मुहिम चलाई गयी उसका कुछ सकारात्मक असर तो ज़रूर देखने को मिला है. जिसका नतीजा ये हुआ कि , SSC और RRB ने कुछ परीक्षाओं की तिथियां भी घोषित कर दीं. मगर यह महज़ एक आश्वासन ही बन का न रह जाए, इस लिए छात्र डटे हुए हैं.

इसलिए ट्विटर (Twitter) पर पीएम मोदी के जन्मदिन को बेरोजगार दिवस (Rashtriya Berojgar Divas) के रूप में मनाने को लेकर ट्रेंड चल रहा है. विरोध करते इन छात्रों के ट्वीट पर एक नज़र डालते हैं-

 

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