#ReleaseJMIPeople: आवाज़ दो हम………एक हैं !

अपना विरोध दर्ज कराने और तीनो को रिहा करवाने के लिए ट्विटर पर #ReleaseJMIPeople के नाम से कैम्पेन चलाया जा रहा है.

Release JMI People: 15 दिसंबर, 2019 की रात से ही जामिया मिलिया इस्लामिया मुश्किलों का सामना कर रहा है. सीएए/एनआरसी (CAA/NRC) के खिलाफ विरोध प्रदर्शन में जामिया की अगुवाई करने वाले छात्रों को दिल्ली पुलिस लगातार अपना निशाना बना रही है. ऐसा मानना है ट्विटर पर #ReleaseJMIPeople कैंपेन चला रहे हैं लोगों का.

हाल ही में, जामिया के स्टूडेंट एक्टिविस्ट मीरान हैदर (Meeran Haider), सफुरा ज़रगर (Safoora Zargar) और शिफा उर रहमान (Shifa-Ur-Rahman) को दिल्ली पुलिस ने गिरफ़्तार किया था. सफुरा ज़रगर यूनिवर्सिटी की एक रिसर्च स्कॉलर है. वह अपनी पहली प्रेग्नेंसी के दूसरे ट्राइमेस्टर में हैं, उन्हें पुलिस ने 10 अप्रैल को गिरफ्तार किया था, जो अब तिहाड़ जेल में है. उन पर भी यूएपीए (UAPA) के तहत मामला दर्ज किया गया है.

जामिया मिल्लिया इस्लामिया एलुमनाई एसोसिएशन के अध्यक्ष शिफाउर रहममान को दिल्ली पुलिस ने रविवार रात को गिरफ्तार किया था. इससे पहले दो छात्र मीरान हैदर और सफुरा ज़रगर को पहले ही पकड़ चुकी है.

इन तीनो पर दिल्ली पुलिस ने यूएपीए (UAPA) के तहत मामला दर्ज किया है. दरअसल ये तीनों लोग दिसंबर के महीने हुए देशव्यापी सीएए प्रोटेस्ट के दौरान जामिया में काफी एक्टिव थे.

हालांकि पुलिस ने न्यूज़ एजेंसी एएनआई को बताया कि शिफा उर रहमान को उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए दंगों के मामले में पूछताछ के लिए गिरफ्तार किया गया है. इसके साथ दिल्ली पुलिस जामिया के कई छात्रों को पूछताछ के लिए बुला चुकी है.

तो वहीं कई स्टूडेंट्स एक्टिविस्ट और उनका समर्थन कर रहे छात्रों का मानना है कि इन लोगों को सीएए प्रोटेस्ट लीड करने और इसे देशव्यापी बनाने पर निशाना बनाया गया है.

अपना विरोध दर्ज कराने और तीनो को रिहा करवाने के लिए ट्विटर पर #ReleaseJMIPeople के नाम से कैम्पेन चलाया जा रहा है. जो ट्विटर पर शीर्ष पर ट्रेंड कर रहा है. और इस ट्रेंड में देश के कई माने-जाने छात्रों और स्टूडेंट एक्टिविस्ट ने हिस्सा लेते हुवे अपना विरोध जताया.

ख़बर लिखते वक़्त इस हैशटैग को लेकर ट्विटर पर एक लाख से भी ज़्यादा ट्वीट किए जा चुके थे.